देश की राजनीति में एक बार फिर चुनावी माहौल बनने जा रहा है। भारत निर्वाचन आयोग आज 15 मार्च को एक अहम प्रेस कॉन्फ्रेंस के जरिए पांच राज्यों में होने वाले विधानसभा चुनावों की तारीखों का आधिकारिक ऐलान करेगा। बताया जा रहा है कि चुनाव आयोग नई दिल्ली के विज्ञान भवन में शाम करीब 4 बजे प्रेस वार्ता करेगा, जिसमें पश्चिम बंगाल, तमिलनाडु, केरल, असम और केंद्र शासित प्रदेश पुडुचेरी में होने वाले विधानसभा चुनावों का पूरा कार्यक्रम जारी किया जाएगा। इस घोषणा के साथ ही इन सभी राज्यों में आदर्श आचार संहिता भी लागू हो सकती है, जिससे राजनीतिक दलों की गतिविधियों पर चुनाव आयोग की निगरानी शुरू हो जाएगी।
दरअसल इन पांचों राज्यों की विधानसभाओं का कार्यकाल मई और जून 2026 के बीच समाप्त होने वाला है। इसी वजह से चुनाव आयोग समय रहते चुनाव कार्यक्रम घोषित करने की तैयारी कर रहा है, ताकि नई सरकारों का गठन समय पर हो सके। जानकारी के मुताबिक, इन राज्यों में चुनाव अलग-अलग चरणों में कराए जा सकते हैं। बड़े राज्यों जैसे पश्चिम बंगाल और असम में सुरक्षा और भौगोलिक परिस्थितियों को देखते हुए बहु-चरणीय मतदान की संभावना जताई जा रही है, जबकि तमिलनाडु, केरल और पुडुचेरी में आमतौर पर एक ही चरण में मतदान कराए जाने की तैयारी रहती है।
इन चुनावों को राष्ट्रीय राजनीति के लिहाज से भी काफी अहम माना जा रहा है। पश्चिम बंगाल में ममता बनर्जी की टीएमसी सरकार, तमिलनाडु में एमके स्टालिन के नेतृत्व वाली डीएमके, केरल में पिनराई विजयन की एलडीएफ और असम में हिमंता बिस्वा सरमा के नेतृत्व वाली बीजेपी सरकार सत्ता में है, जबकि पुडुचेरी में एन. रंगास्वामी के नेतृत्व वाला गठबंधन शासन कर रहा है। ऐसे में इन राज्यों में सत्तारूढ़ दलों के सामने अपनी सत्ता बचाने की चुनौती होगी, वहीं विपक्षी दलों के लिए यह चुनाव सत्ता परिवर्तन का बड़ा मौका माना जा रहा है।
राजनीतिक दलों ने भी चुनावी तैयारियां तेज कर दी हैं और उम्मीदवारों के चयन से लेकर रणनीति बनाने तक का काम शुरू हो चुका है। चुनाव की तारीखों के ऐलान के बाद सभी पार्टियां पूरी ताकत के साथ मैदान में उतरेंगी और अगले कुछ महीनों तक इन राज्यों में चुनावी रैलियों, प्रचार अभियानों और राजनीतिक बयानबाजी का दौर तेज होने की संभावना है। यही वजह है कि पूरे देश की नजर आज चुनाव आयोग की इस प्रेस कॉन्फ्रेंस पर टिकी हुई है, क्योंकि इसी के साथ पांच राज्यों में सत्ता के महासंग्राम की औपचारिक शुरुआत हो जाएगी।
