इंग्लैंड और पाकिस्तान के बीच 2026 की तीन मैचों की टेस्ट सीरीज भले ही मेजबान टीम के 3-0 के क्लीन स्वीप के साथ खत्म हुई, लेकिन इस सीरीज ने टेस्ट क्रिकेट के इतिहास में एक बेहद दुर्लभ रिकॉर्ड भी दर्ज करा दिया। तीनों मुकाबलों में किसी भी बल्लेबाज के बल्ले से शतक नहीं निकला। ऐसा करीब 138 साल बाद हुआ है, जब इंग्लैंड में खेली गई तीन मैचों की टेस्ट सीरीज बिना किसी व्यक्तिगत शतक के खत्म हुई।
बर्मिंघम के एजबेस्टन में खेले गए तीसरे टेस्ट में इंग्लैंड ने पाकिस्तान को 8 विकेट से हराकर सीरीज 3-0 से अपने नाम की। पाकिस्तान ने पहली पारी में सिर्फ 133 रन बनाए, जिसके जवाब में इंग्लैंड ने 453 रन बनाकर बड़ी बढ़त हासिल की। दूसरी पारी में पाकिस्तान ने बेहतर बल्लेबाजी करते हुए 449 रन बनाए और इंग्लैंड के सामने 130 रन का लक्ष्य रखा।
इंग्लैंड ने यह लक्ष्य दो विकेट गंवाकर हासिल कर लिया। कप्तान जो रूट ने नाबाद 62 रन बनाए, जबकि जॉर्डन कॉक्स 59 रन बनाकर नाबाद रहे। दोनों ने अर्धशतकीय पारियों के साथ टीम को जीत तक पहुंचाया, लेकिन कोई भी बल्लेबाज तीन अंकों के आंकड़े तक नहीं पहुंच सका।
पूरी सीरीज में बल्लेबाजों के मुकाबले गेंदबाजों का दबदबा ज्यादा देखने को मिला। इंग्लैंड के ओली रॉबिन्सन ने शानदार प्रदर्शन करते हुए 21 विकेट हासिल किए। पाकिस्तान की ओर से मोहम्मद अब्बास ने भी लगातार प्रभावशाली गेंदबाजी की और उन्हें सीरीज के प्रमुख खिलाड़ियों में गिना गया।
दिलचस्प बात यह है कि पाकिस्तान की हार के बावजूद तीसरे टेस्ट की दूसरी पारी में युवा बल्लेबाज रजाउल्लाह ने 81 रन की तेजतर्रार पारी खेलकर टीम में उम्मीद जगाई। उनकी आक्रामक बल्लेबाजी ने पाकिस्तान को 449 रन तक पहुंचाने में अहम भूमिका निभाई, लेकिन टीम इंग्लैंड को रोकने के लिए पर्याप्त लक्ष्य नहीं दे सकी।
इस तरह इंग्लैंड ने पाकिस्तान को 3-0 से हराकर सीरीज पर कब्जा किया, जबकि बिना किसी शतक के पूरी हुई यह टेस्ट सीरीज क्रिकेट इतिहास के दुर्लभ रिकॉर्ड्स में शामिल हो गई। इंग्लैंड के लिए यह जीत खास तौर पर महत्वपूर्ण रही, क्योंकि जो रूट की कप्तानी में टीम ने मुश्किल दौर के बाद शानदार वापसी की है।
