Site icon Prsd News

LAC पर चीन की गश्त को लेकर भारत की प्रतिक्रिया, विदेश मंत्रालय ने सीमा पर शांति और स्थिरता बनाए रखने पर दिया जोर

images 4 6

भारत-चीन सीमा पर वास्तविक नियंत्रण रेखा (LAC) के पास गश्त और सैनिकों के बीच टकराव को लेकर विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता रणधीर जायसवाल ने प्रतिक्रिया दी है। यह प्रतिक्रिया भारत-तिब्बत सीमा पुलिस (ITBP) के महानिदेशक की ओर से सीमा पर टकराव की स्थिति को लेकर की गई टिप्पणी के बाद सामने आई है। इस दौरान भारत ने सीमा से जुड़े मुद्दों के समाधान के लिए बातचीत और मौजूदा संवाद तंत्रों के महत्व पर जोर दिया।

भारत और चीन के बीच वास्तविक नियंत्रण रेखा पर सीमा प्रबंधन को लेकर लंबे समय से मतभेद रहे हैं। दोनों देशों के सैनिकों के बीच गश्त के दौरान कई बार तनाव की स्थिति उत्पन्न हुई है। ऐसे में सीमा पर शांति बनाए रखना दोनों देशों के संबंधों के लिए महत्वपूर्ण माना जाता है।

विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता रणधीर जायसवाल ने सीमा से जुड़े लंबित मुद्दों को सुलझाने के लिए भारत और चीन के बीच जारी राजनयिक एवं सैन्य स्तर की बातचीत का उल्लेख किया। दोनों देश सीमा पर उत्पन्न होने वाली गलतफहमियों और गलत आकलन से बचने के लिए स्थापित तंत्रों के माध्यम से संवाद बनाए रखने पर जोर देते रहे हैं।

सीमा पर गश्त को लेकर दोनों देशों के बीच मतभेदों का एक प्रमुख कारण वास्तविक नियंत्रण रेखा की स्थिति और उसके आसपास गश्त की प्रक्रियाओं को लेकर अलग-अलग धारणाएं रही हैं। ऐसे मामलों में स्थानीय स्तर पर उत्पन्न तनाव को नियंत्रित करना और बातचीत के जरिए समाधान तलाशना दोनों पक्षों के लिए अहम है।

भारत ने लगातार यह रुख रखा है कि सीमा पर शांति और स्थिरता द्विपक्षीय संबंधों को आगे बढ़ाने के लिए आवश्यक है। सीमा से जुड़े विवादों के समाधान के लिए सैन्य और राजनयिक स्तर पर बातचीत जारी रखना इसी प्रयास का हिस्सा है।

हालांकि, सीमा पर टकराव की घटनाओं और गश्त से संबंधित किसी भी विशिष्ट दावे के संबंध में आधिकारिक बयान तथा उपलब्ध तथ्यों के आधार पर ही स्थिति का आकलन किया जाना चाहिए।

Exit mobile version