रोहित शर्मा इस मैच से पहले 16,000 रन के आंकड़े के बेहद करीब थे। जैसे ही उन्होंने आवश्यक रन पूरे किए, वह अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में बतौर ओपनर 16 हजार रन बनाने वाले दुनिया के चुनिंदा बल्लेबाजों की सूची में शामिल हो गए। इसके साथ ही वह भारत के केवल दूसरे बल्लेबाज बने जिन्होंने ओपनिंग करते हुए यह उपलब्धि हासिल की। उनसे पहले यह कारनामा पूर्व विस्फोटक सलामी बल्लेबाज Virender Sehwag ने किया था।
इस उपलब्धि को और भी खास बनाने वाली बात यह रही कि रोहित ने 16 हजार रन तक पहुंचने के लिए डेविड वॉर्नर से कम पारियां लीं। रिपोर्ट्स के अनुसार रोहित ने यह आंकड़ा 384 पारियों में छुआ, जबकि वॉर्नर को इसी मुकाम तक पहुंचने के लिए 390 पारियां खेलनी पड़ी थीं। इस तरह रोहित अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में बतौर ओपनर सबसे तेज 16,000 रन बनाने वाले बल्लेबाज बन गए।
रोहित शर्मा का करियर लंबे समय से रिकॉर्डों से भरा रहा है। सीमित ओवरों के क्रिकेट में उनकी आक्रामक बल्लेबाजी, बड़ी पारियां खेलने की क्षमता और लगातार प्रदर्शन ने उन्हें दुनिया के सबसे सफल ओपनरों में शामिल कर दिया है। वनडे क्रिकेट में तीन दोहरे शतक लगाने का विश्व रिकॉर्ड पहले से ही उनके नाम है और अब 16 हजार रन का नया कीर्तिमान उनकी उपलब्धियों की सूची में एक और चमकदार अध्याय जोड़ता है।
क्रिकेट विशेषज्ञों का मानना है कि रोहित की सबसे बड़ी ताकत उनकी निरंतरता और बड़े मैचों में प्रदर्शन करने की क्षमता रही है। पिछले डेढ़ दशक में उन्होंने टेस्ट, वनडे और टी20 तीनों प्रारूपों में भारतीय टीम को कई यादगार जीत दिलाई हैं। बतौर ओपनर उन्होंने न सिर्फ भारत को मजबूत शुरुआत दी बल्कि कई बार अकेले दम पर मैच का रुख भी बदल दिया। यही कारण है कि उनका नाम दुनिया के महान सलामी बल्लेबाजों में लिया जाता है।
अफगानिस्तान के खिलाफ हासिल की गई यह उपलब्धि भारतीय क्रिकेट प्रशंसकों के लिए गर्व का क्षण है। रोहित शर्मा ने एक बार फिर साबित कर दिया कि उम्र बढ़ने के बावजूद उनकी बल्लेबाजी का स्तर और प्रभाव कम नहीं हुआ है। क्रिकेट प्रेमियों को अब उम्मीद है कि आने वाले मुकाबलों में वह और नए रिकॉर्ड अपने नाम करेंगे तथा भारतीय टीम की सफलता में अहम भूमिका निभाते रहेंगे।
