
पीएम मोदी ने ब्रह्मपुत्र नदी पर क्रूज़ शिप पर छात्रों के साथ ‘परीक्षा पे चर्चा’ किया आयोजित
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने 21 दिसंबर 2025 को असम के अपने दो दिवसीय दौरे के दूसरे दिन ब्रह्मपुत्र नदी पर एक अनोखे मंच से छात्रों के साथ संवाद कार्यक्रम ‘परीक्षा पे चर्चा’ का आयोजन किया। इस बार यह कार्यक्रम कभी पूर्व की तरह हॉल या सभागार में नहीं बल्कि ब्रह्मपुत्र नदी में क्रूज़ शिप “एम वी चराइदेव-2” पर सवार होकर किया गया, जहाँ प्रधानमंत्री ने करीब 45 मिनट तक लगभग 25 छात्रों से सीधे बातचीत की। इस दौरान उन्होंने छात्रों को परीक्षा के तनाव, पढ़ाई पर ध्यान देने और सकारात्मक सोच बनाए रखने जैसे विषयों पर अपने अनुभव और सलाह साझा की।
यह कार्यक्रम असम के विभिन्न जिलों के सरकारी, आवासीय और निजी स्कूलों के छात्रों के चयन के साथ आयोजित हुआ। जिन जिलों से छात्र कार्यक्रम में शामिल हुए उनमें कामरूप मेट्रोपॉलिटन, मोरीगांव, डिब्रूगढ़, कछार, बक्सा, दीमा हसाओ, कोकराझार, गोलाघाट, कार्बी आंगलोंग और नलबाड़ी आदि शामिल थे। इस संवाद के दौरान छात्र-प्रधानमंत्री से अपनी परीक्षा संबंधी चिंताओं और संघर्षों पर सवाल पूछते दिखे, जिनके उत्तर प्रधानमंत्री ने सहज और प्रेरक अंदाज़ में दिए।
‘परीक्षा पे चर्चा’ कार्यक्रम की शुरुआत 2018 में प्रधानमंत्री मोदी ने ही की थी और यह कार्यक्रम हर वर्ष आयोजित किया जाता है ताकि छात्रों को परीक्षाओं के दबाव से निपटने, मानसिक स्वास्थ्य बनाए रखने और आत्म-विश्वास से परीक्षा देने के लिए प्रेरित किया जा सके। यह एक बड़ा मंच बन चुका है जहाँ लाखों छात्र, उनके अभिभावक और शिक्षक भी जुड़ते हैं और परीक्षा से जुड़े चुनौतियों पर खुलकर चर्चा करते हैं।
क्रूज़ शिप पर आयोजित इस विशेष कार्यक्रम के लिए प्रधानमंत्री पहले गुवाहाटी गेटवे टर्मिनल (Inland Water Transport) पहुँचे, जिसका उद्घाटन हाल ही में केंद्रीय वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने किया था। इसके बाद वे फ्लोटिंग ब्रिज के रास्ते से शिप तक गए और छात्रों के साथ बातचीत शुरू की। इस कार्यक्रम के चलते ब्रह्मपुत्र नदी पर सुरक्षा व्यवस्था को कड़ा किया गया था, नदी पुलिस, NDRF और SDRF की टीमों ने गश्त की, वहीं दो दिनों के लिए नदी की फेरी सेवाएँ भी अस्थायी रूप से स्थगित रहीं।
प्रधानमंत्री मोदी के असम दौरे के दौरान यह संवाद कार्यक्रम न सिर्फ छात्रों को परीक्षा-संबंधित सलाह देने का माध्यम बना, बल्कि इसे स्थानीय पर्यटन विकास और नदी पर्यटन को बढ़ावा देने के रूप में भी देखा जा रहा है। असम के मुख्यमंत्री हिमंता बिस्वा सरमा ने पहले ही कहा था कि पिछले साल प्रधानमंत्री के काजीरंगा दौरे के बाद पर्यटन में वृद्धि देखने को मिली थी, और इसी तरह ब्रह्मपुत्र नदी पर इस तरह के कार्यक्रमों से भी पर्यटन को नई पहचान मिलने की उम्मीद जताई गई है।
प्रधानमंत्री के इस अनूठे अंदाज़ के ‘परीक्षा पे चर्चा’ कार्यक्रम ने छात्रों के बीच उत्साह और उम्मीद जगाई है, साथ ही यह संदेश भी दिया कि पढ़ाई केवल अंक प्राप्त करने का साधन नहीं है बल्कि मानसिक संतुलन और सकारात्मक दृष्टिकोण का भी महत्वपूर्ण हिस्सा है। इस कार्यक्रम के माध्यम से प्रधानमंत्री ने छात्रों को तनावपूर्ण परीक्षाओं से निपटने और अपने सपनों को पूरा करने में संयम एवं धैर्य बनाए रखने की प्रेरणा दी।



