दिल्ली के कश्मीरी गेट इलाके में गुरुवार रात ई-रिक्शा सवार यात्रियों पर चाकू से हमला किए जाने का मामला सामने आया है। यमुना बाजार अंडरपास के पास बदमाशों ने ई-रिक्शा रोककर उसमें सवार लोगों से कथित तौर पर लूटपाट की कोशिश की। विरोध करने पर आरोपियों ने चाकू से हमला कर दिया। वारदात में तीन लोग घायल हुए, जिनमें से एक की इलाज के दौरान मौत हो गई। पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
पुलिस के मुताबिक, घटना गुरुवार शाम करीब 7:30 बजे की है। कश्मीरी गेट थाना पुलिस को यमुना बाजार के पास चाकूबाजी की सूचना मिली थी। टीम मौके पर पहुंची तो ई-रिक्शा सवार घायल अवस्था में मिले। घायलों को तत्काल अस्पताल पहुंचाया गया, जहां एक यात्री ने इलाज के दौरान दम तोड़ दिया। दो अन्य घायलों का उपचार जारी है।
शुरुआती जांच के अनुसार, ई-रिक्शा में चालक के अलावा यात्री सवार थे और वह गांधी नगर की ओर से पुरानी दिल्ली के खारी बावली इलाके की तरफ जा रहा था। यमुना बाजार अंडरपास के पास कुछ बदमाशों ने ई-रिक्शा को रोक लिया और यात्रियों से सामान तथा रुपये देने को कहा। विरोध करने पर आरोपियों ने चाकू निकालकर हमला कर दिया।
अचानक हुए हमले से ई-रिक्शा में अफरातफरी मच गई। हमले में चालक समेत तीन लोग घायल बताए गए हैं। पुलिस ने सभी घायलों को ट्रॉमा सेंटर पहुंचाया। मृतक की पहचान 28 वर्षीय प्रभात के रूप में हुई है, जो खारी बावली इलाके में रहता था। बताया गया है कि वह रात में गांधी नगर मार्केट से घर लौट रहा था।
वारदात के बाद आरोपी मौके से फरार हो गए। पुलिस उनकी पहचान और गिरफ्तारी के लिए आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाल रही है। घटनास्थल पर क्राइम टीम और फोरेंसिक टीम ने भी जांच की तथा जरूरी साक्ष्य जुटाए हैं। पुलिस आरोपियों के आने-जाने के रास्ते और वारदात के पूरे क्रम का पता लगाने की कोशिश कर रही है।
पुलिस का कहना है कि शुरुआती तौर पर लूट की कोशिश के दौरान हमला किए जाने की आशंका सामने आई है, लेकिन जांच में अन्य पहलुओं को भी देखा जा रहा है। घायल चालक और अन्य यात्री फिलहाल बयान देने की स्थिति में नहीं बताए जा रहे हैं। उनके बयान दर्ज होने के बाद घटना को लेकर और जानकारी सामने आने की उम्मीद है।
कश्मीरी गेट थाना पुलिस के साथ उत्तरी जिले की ऑपरेशन टीम भी मामले की जांच में जुटी है। पुलिस ने हत्या, लूट के प्रयास और अन्य संबंधित धाराओं के तहत कार्रवाई शुरू की है। फिलहाल फरार आरोपियों की पहचान और गिरफ्तारी पुलिस की प्राथमिकता है।
