Site icon Prsd News

बीजेपी की नई टीम में स्मृति ईरानी की वापसी, राष्ट्रीय महामंत्री बनने पर बोलीं- यह निष्ठा और समर्पण का विषय

images 9 6

भारतीय जनता पार्टी की नई राष्ट्रीय टीम के ऐलान के साथ ही कई बड़े राजनीतिक चेहरे चर्चा में आ गए हैं। पूर्व केंद्रीय मंत्री स्मृति ईरानी की संगठन में वापसी को खास तौर पर महत्वपूर्ण माना जा रहा है। करीब 26 महीने तक किसी आधिकारिक राजनीतिक पद से दूर रहने के बाद स्मृति ईरानी को बीजेपी ने राष्ट्रीय महामंत्री की बड़ी जिम्मेदारी सौंपी है। नई जिम्मेदारी मिलने के बाद उनकी पहली प्रतिक्रिया भी सामने आई, जिसमें उन्होंने पार्टी नेतृत्व का आभार जताते हुए इसे एक साधारण कार्यकर्ता के लिए सम्मान बताया।

स्मृति ईरानी ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर अपनी प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि बीजेपी जैसे कार्यकर्ता आधारित संगठन में उनके जैसे एक साधारण कार्यकर्ता को राष्ट्रीय महामंत्री का महत्वपूर्ण दायित्व दिया जाना सम्मान की बात है। उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के मार्गदर्शन और राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नवीन के नेतृत्व में संगठन की सेवा करने के अवसर को निष्ठा और समर्पण से जुड़ा दायित्व बताया।

स्मृति ईरानी ने अपनी प्रतिक्रिया में कहा कि बीजेपी की नवगठित टीम ‘राष्ट्र प्रथम’ की भावना और विकसित भारत के संकल्प को आगे बढ़ाने के लिए प्रतिबद्ध है। उन्होंने पार्टी के शीर्ष नेतृत्व और वरिष्ठ नेताओं का उन पर विश्वास जताने के लिए आभार व्यक्त किया। 2024 के लोकसभा चुनाव में हार के बाद स्मृति ईरानी किसी बड़े आधिकारिक राजनीतिक पद पर नहीं थीं और अब राष्ट्रीय महामंत्री के रूप में उनकी वापसी को बीजेपी के संगठनात्मक स्तर पर महत्वपूर्ण घटनाक्रम माना जा रहा है।

नई टीम के गठन के साथ बीजेपी ने युवा और अनुभवी नेताओं के बीच संतुलन बनाने की कोशिश की है। रिपोर्ट के मुताबिक पार्टी की घोषित राष्ट्रीय टीम में कुल 65 पदाधिकारी शामिल हैं, जिनमें 51 नए चेहरे बताए गए हैं। टीम में 6 नेताओं की उम्र 40 साल से कम है, जबकि बड़ी संख्या में 40 से 59 वर्ष की आयु वर्ग के नेताओं को भी जिम्मेदारी दी गई है। इससे पार्टी की आने वाले वर्षों की चुनावी और संगठनात्मक रणनीति का संकेत मिलता है।

नई टीम में कई पुराने और अनुभवी नेताओं को भी महत्वपूर्ण स्थान मिला है। राजस्थान की पूर्व मुख्यमंत्री वसुंधरा राजे समेत कई वरिष्ठ नेताओं को राष्ट्रीय उपाध्यक्ष बनाया गया है। वहीं केंद्रीय मंत्री पीयूष गोयल को राष्ट्रीय कोषाध्यक्ष की जिम्मेदारी दी गई है। रिपोर्ट के अनुसार, वह नए संगठनात्मक ढांचे में शामिल होने वाले एकमात्र केंद्रीय मंत्री हैं।

नई टीम को लेकर अमित मालवीय का नाम भी राजनीतिक चर्चा में है। संगठनात्मक बदलाव के तहत कई नए चेहरों को जिम्मेदारी दी गई है और कुछ पुराने पदाधिकारियों को नई सूची में जगह नहीं मिली। ऐसे में नई टीम को बीजेपी के संगठन में व्यापक बदलाव के रूप में देखा जा रहा है। रिपोर्ट के अनुसार, यह फेरबदल आने वाले विधानसभा चुनावों और 2029 के लोकसभा चुनाव की तैयारियों को ध्यान में रखकर किया गया है।

स्मृति ईरानी की वापसी इसलिए भी अहम है क्योंकि वह लंबे समय तक पार्टी और केंद्र सरकार में महत्वपूर्ण जिम्मेदारियां संभाल चुकी हैं। संगठनात्मक स्तर पर राष्ट्रीय महामंत्री का पद पार्टी के विस्तार, राज्यों के बीच समन्वय और राजनीतिक रणनीति के लिहाज से काफी महत्वपूर्ण माना जाता है। ऐसे में नई जिम्मेदारी के बाद पार्टी के भविष्य के अभियानों और संगठनात्मक गतिविधियों में उनकी भूमिका पर भी नजर रहेगी।

बीजेपी की नई टीम में बदलाव केवल पदों के फेरबदल तक सीमित नहीं है, बल्कि इसमें भविष्य की राजनीतिक रणनीति की झलक भी दिखाई देती है। पार्टी ने नए चेहरों को आगे बढ़ाने के साथ-साथ अनुभवी नेताओं को भी संगठन में बनाए रखा है। आने वाले विधानसभा चुनावों और फिर 2029 के लोकसभा चुनाव को देखते हुए यह नई टीम पार्टी के लिए महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकती है।

कुल मिलाकर, स्मृति ईरानी की राष्ट्रीय संगठन में वापसी बीजेपी की नई टीम का एक बड़ा घटनाक्रम है। राष्ट्रीय महामंत्री की जिम्मेदारी मिलने के बाद उन्होंने इसे पार्टी नेतृत्व का विश्वास और एक कार्यकर्ता के लिए सम्मान बताया है। करीब 26 महीने बाद सक्रिय संगठनात्मक भूमिका में लौटीं स्मृति ईरानी अब पार्टी की नई रणनीति और आने वाले चुनावी अभियानों में महत्वपूर्ण भूमिका निभाती नजर आ सकती हैं।

Exit mobile version