
दुबई एयर शो 2025 के दौरान भारतीय वायु सेना का स्वदेशी लड़ाकू विमान तेजस (HAL Tejas) एक हवाई प्रदर्शन के दौरान दुर्घटनाग्रस्त हो गया, जिसमें उसके पायलट विंग कमांडर नमन (नमनश) स्याल की मृत्यु हो गई है। अमर उजाला की रिपोर्ट के अनुसार यह हादसा स्थानीय समयानुसार दोपहर के करीब हुआ, जब विमान अल मकातून इंटरनैशनल एयरपोर्ट पर दर्शकों के सामने करतब दिखा रहा था।
मौके से प्राप्त वीडियो फुटेज में दिखा है कि विमान ने अचानक ऊंचाई खो दी और ज़मीन से टकराते ही एक बड़े आग के गोले में बदल गया, जिसके बाद काले धुएँ का गुबार आसमान में उठता दिखाई दे रहा था। दुर्घटना के तुरंत बाद आपातकालीन सेवाओं ने पहुंचकर आग बुझाने की कोशिश की।
भारतीय वायु सेना (IAF) ने भी बयान जारी कर पुष्टि की है कि पायलट को घातक चोटें आईं और वे हादसे में शहीद हो गए। साथ ही एक कोर्ट ऑफ़ इंक्वाइरी गठित करने की घोषणा की गई है ताकि दुर्घटना के कारणों की गहराई से जांच की जा सके।
हत्या-घटना की पुष्टि के बाद हिमाचल प्रदेश के मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुखू ने नमन स्याल की वीरता को याद करते हुए उनकी परिवार के प्रति संवेदना व्यक्त की। नमनश स्याल कांगड़ा जिले के रहने वाले थे, और उनकी शहादत पूरे देश में गहरे सदमे का विषय बन गई है।
विशेषज्ञों का मानना है कि एयर शो जैसी घटनाओं में जब विमान प्रदर्शन उड़ान भरते हैं, तो जटिल और जोखिम भरे मनोव्यूवर किए जाते हैं। कुछ सुझाव दे रहे हैं कि दुर्घटना के समय तेजस विमान किसी “नकारात्मक-जी (negative G)” मोन्यूवर में था, यानी इतना कम ऊँचाई पर कि वापसी संभव न हो सकी।
यह तेजस विमान का अब तक का दूसरा बड़ा हादसा है — इससे पहले मार्च 2024 में राजस्थान के पास एक तेजस Mk-1 विमान क्रैश हुआ था, लेकिन उसमें पायलट सुरक्षित बाहर निकलने में कामयाब रहा था।
दुर्घटना की गंभीरता को देखते हुए, भारतीय वायु सेना और सरकार अब तकनीकी जांच के साथ-साथ प्रदर्शन उड़ानों की सुरक्षा मापदंडों की समीक्षा भी कर सकती है। नमन स्याल की शहादत न सिर्फ उनके परिवार के लिए, बल्कि पूरे देश के लिए एक गहरा दुख है — और यह घटना हमें सैन्य प्रदर्शन की शानदार छवियों के पीछे छिपे खतरों की याद दिलाती है।



