
भारतीय रेलवे अपनी नई वंदे भारत स्लीपर ट्रेन को लेकर एक साफ़ और पारदर्शी नियम लागू करने जा रहा है, जिससे यात्रियों को समान अवसर और बेहतर अनुभव मिले। इस ट्रेन में किसी भी तरह का VIP या इमरजेंसी कोटा नहीं दिया जाएगा। यानी न तो खास पास वालों के लिए सीटें अलग से आरक्षित होंगी और न ही भिन्न श्रेणी के टिकट—सबके लिए केवल सामान्य बुकिंग और कन्फर्म टिकट उपलब्ध होंगे।
रेलवे अधिकारियों ने स्पष्ट किया है कि वरिष्ठ अधिकारियों या किसी अन्य कर्मचारियों को पास के आधार पर यात्रा करने की अनुमति नहीं मिलेगी। इस नियम का उद्देश्य है कि सब यात्री समान नियमों के तहत यात्रा करें और किसी को पहचान या पद के कारण विशेष सुविधा न मिले।
वंदे भारत स्लीपर ट्रेन में केवल कन्फर्म टिकट पर ही यात्रा संभव होगी और RAC (Reservation Against Cancellation) की सुविधा नहीं रहेगी, जिससे यात्रियों को प्रतीक्षा सूची (Waiting List) या आंशिक आरक्षण जैसी परेशानियों का सामना नहीं करना पड़ेगा। इस नयी नीति से टिकटिंग प्रक्रिया सुलभ, पारदर्शी और निष्पक्ष बनायी जाएगी।
रेलवे अधिकारियों के अनुसार इस कदम से आम यात्री को प्राथमिकता मिलेगी और यह ट्रेन सेवा पूरी तरह यात्रियों के अनुभव को बेहतर बनाने के लिए डिज़ाइन की गयी है।



