
बेंगलुरु में रियल एस्टेट टाइकून सीजे रॉय ने IT छापेमारी के दौरान की आत्महत्या
बेंगलुरु, 30 जनवरी 2026: कर्नाटक की राजधानी बेंगलुरु में शुक्रवार को एक बड़ा और दुखद मामला सामने आया, जब प्रसिद्ध रियल एस्टेट समूह Confident Group के चेयरमैन डॉ. सीजे रॉय ने अपने कार्यालय में आत्महत्या कर ली। यह घटना तब हुई जब आयकर विभाग (Income Tax Department) ने उनके ऑफिस और अन्य परिसरों पर आयकर (IT) छापेमारी शुरू की हुई थी, जिससे व्यापार जगत और आम जनता में सन्नाटा फैल गया है।
सूत्रों के अनुसार, डॉ. सीजे रॉय, जो 57 वर्ष के थे और Confident Group के संस्थापक व प्रमुख चेयरमैन थे, लंबे समय से अपने रियल एस्टेट और इंफ्रास्ट्रक्चर कारोबार के लिए जाने जाते थे। इसी समूह ने कई आवासीय अपार्टमेंट, विला, वाणिज्यिक परियोजनाएँ और देश-विदेश में प्रतिष्ठित डेवलपमेंट कार्य किए हैं। पिछले कुछ दिनों से आयकर विभाग उनकी कंपनियों से जुड़े डिस-प्रपोज़नरेट एसेट्स (अधिक संपत्ति) और टैक्स मामलों की जांच कर रहा था। हाल ही में टैक्स विभाग ने उनके कुछ कार्यालयों और फार्महाउस सहित कई ठिकानों पर छापे मारे थे।
घटना का क्रम: बताया जा रहा है कि शुक्रवार को IT विभाग की टीम कार्यालय में दस्तावेज़ और जवाब मांगी जा रही थी। लंबे समय तक पूछताछ और छानबीन के बीच, डॉ. रॉय अपने कैबिन में गए और खुद को रिवाल्वर से गोली मार ली। अधिकारियों के सामने अचानक यह आवाज़ सुनकर सब स्तब्ध रह गए। गंभीर हालत में उन्हें नजदीकी अस्पताल ले जाया गया, जहाँ चिकित्सकों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। फिलहाल पुलिस और संबंधित विभाग इस पूरे मामले की विस्तृत जांच कर रहे हैं, कि आत्महत्या के पीछे क्या वास्तविक वजहें थीं, क्या कोई दबाव था या अन्य कोई पहलू भी शामिल है।
छापेमारी का तनाव: आयकर विभाग की लगातार कार्रवाई और विभिन्न परिसरों पर चल रही जांच के चलते रॉय पर काफी मानसिक तनाव रहा था। IT अधिकारियों ने दावा किया कि कई दस्तावेजों और संपत्ति के स्रोतों के बारे में जब उनके पते पर छापे मारे गए, तब कई अटकलें और सवाल खड़े हुए थे। यह भी बताया गया है कि पूछताछ के दौरान उनसे कई कागजात और स्पष्टीकरण मांगे जा रहे थे, जिससे तनाव और बढ़ा पाया जा रहा था। हालांकि आत्महत्या का अंतिम कारण जांच के बाद ही स्पष्ट हो पाएगा।
बिजनेस और रियल एस्टेट समुदाय की प्रतिक्रिया: इस खबर के फैलने के बाद Confident Group के कर्मचारियों, व्यापार सहयोगियों और रियल एस्टेट क्षेत्र के लोगों में गहरा शोक और हैरानी देखी गई। कई साथियों ने रॉय को मेहनती, अनुशासित और बिजनेस में दूरदर्शी नेतृत्व वाला कारोबारी बताया। उनके इस आकस्मिक निधन ने उद्योग के शीर्ष प्रबंधन पर मानसिक दबाव, कर जांचों और वित्तीय नियमों के बीच की जटिलताओं पर नई बहस छेड़ दी है।
पुलिस और जांच एजेंसियों की प्रतिक्रिया: बेंगलुरु पुलिस इस पूरे मामले को गंभीरता से ले रही है और सभी पहलुओं की पड़ताल में लगी है — चाहे वह आत्महत्या की पुष्टि हो या फिर किसी और वजह से मौत के संकेत मिलते हों। पुलिस अधिकारी फिलहाल किसी सुसाइड नोट की मौजूदगी, टैक्स जांच रिपोर्ट, और IT विभाग के जांच दस्तावेज़ों का भी विवरण इकट्ठा कर रहे हैं। जांच के परिणाम आने के बाद ही स्थिति और सटीक रूप से स्पष्ट होगी।
व्यापार जगत पर प्रभाव: सीजे रॉय का असामयिक निधन बेंगलुरु तथा देश के रियल एस्टेट क्षेत्र में चर्चा का विषय बन गया है। इस घटना ने न सिर्फ व्यापार के नैतिक और आर्थिक पक्षों पर सवाल खड़े किए हैं, बल्कि बड़े कारोबारियों पर कर कार्रवाई और तनाव प्रबंधन जैसे विषयों पर भी एक गंभीर बहस शुरू की है। कई विशेषज्ञों का मानना है कि ऐसे मामलों में मानसिक स्वास्थ्य सहायता, वित्तीय नियमों का पालन, और कड़ी कर जांच के बीच संतुलन बनाए रखना अत्यंत आवश्यक है।
यह दुखद घटना यह भी याद दिलाती है कि बड़े कारोबारियों को भारी दबाव और अपेक्षाओं के बीच मानसिक समर्थन की आवश्यकता होती है, और समय रहते किसी भी तरह की चेतावनी संकेतों पर ध्यान देना चाहिए।



