
दिल्ली-एनसीआर में वायु प्रदूषण एक बार फिर चिंता बढ़ा रहा है। शनिवार, 24 अक्टूबर को राजधानी के कई इलाकों में वायु गुणवत्ता सूचकांक (AQI) 300 के पार दर्ज किया गया। प्रदूषण बढ़ने के बीच मौसम विभाग ने दिनभर आसमान साफ और मौसम शुष्क रहने का अनुमान जताया है। ऐसे में फिलहाल बारिश से राहत मिलने की संभावना कम है और लोगों को खराब हवा के बीच सावधानी बरतने की जरूरत है।
रिपोर्ट के मुताबिक, शुक्रवार, 23 अक्टूबर को सुबह 9 बजकर 31 मिनट पर दिल्ली का AQI 337 तक पहुंच गया था। शुक्रवार को राजधानी का औसत AQI 230 दर्ज किया गया, जो खराब श्रेणी में आता है। हालांकि, कुछ निगरानी केंद्रों पर प्रदूषण का स्तर इससे कहीं अधिक रहा। पंजाबी बाग, पूसा और आरके पुरम में AQI 300 के ऊपर दर्ज किया गया, जिससे इन इलाकों में हवा की गुणवत्ता बेहद खराब रही।
वायु गुणवत्ता सूचकांक के मानकों के अनुसार, 201 से 300 के बीच AQI को खराब, 301 से 400 के बीच बहुत खराब और 401 से 500 के बीच गंभीर श्रेणी में रखा जाता है। इस लिहाज से जिन इलाकों में AQI 300 के पार है, वहां लोगों को प्रदूषण से जुड़ी स्वास्थ्य समस्याओं का अधिक खतरा हो सकता है। खासकर बच्चों, बुजुर्गों और सांस या हृदय संबंधी परेशानी वाले लोगों को अतिरिक्त सावधानी बरतने की सलाह दी जाती है।
मौसम की बात करें तो भारतीय मौसम विभाग के अनुसार, शनिवार को दिल्ली में आसमान साफ और मौसम शुष्क रहने की संभावना है। राजधानी का अधिकतम तापमान 32 से 34 डिग्री सेल्सियस और न्यूनतम तापमान 18 से 20 डिग्री सेल्सियस के बीच रह सकता है। सुबह के समय पूर्व दिशा से लगभग 5 से 10 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से हवाएं चलने का अनुमान जताया गया है।
दिल्ली में फिलहाल बारिश की संभावना नहीं जताई गई है, जबकि पश्चिमी विक्षोभ के कारण उत्तर-पश्चिम भारत के कुछ हिस्सों में मौसम बदल सकता है। उत्तर प्रदेश, पंजाब, राजस्थान और मध्य प्रदेश के कुछ जिलों में बारिश की संभावना बताई गई है। हालांकि, दिल्ली में बारिश नहीं होने की स्थिति में प्रदूषण से तत्काल राहत मिलने की उम्मीद कम रह सकती है।
मौसम विभाग के पूर्वानुमान के मुताबिक, अगले तीन दिनों में दिल्ली के अधिकतम तापमान में 1 से 3 डिग्री सेल्सियस तक बढ़ोतरी हो सकती है। इसके बाद तापमान में इतनी ही गिरावट आने की संभावना है। दिन में साफ आसमान और गर्म मौसम के बावजूद प्रदूषण का स्तर चिंता का विषय बना रह सकता है।
प्रदूषण के बढ़ते स्तर को देखते हुए लोगों को सुबह और शाम के समय लंबे समय तक खुले में रहने से बचना चाहिए। जिन इलाकों में AQI अधिक है, वहां खुले में दौड़ने या भारी व्यायाम करने से परहेज करना बेहतर है। जरूरत पड़ने पर अच्छी फिटिंग वाला N95 मास्क इस्तेमाल किया जा सकता है। यदि आंखों में जलन, लगातार खांसी या सांस लेने में परेशानी हो, तो चिकित्सकीय सलाह लेना उचित होगा।
दिल्ली की हवा में सुधार कब होगा, यह आने वाले दिनों में हवा की गति, मौसम और प्रदूषण के स्रोतों पर निर्भर करेगा। फिलहाल मौसम साफ रहने और बारिश नहीं होने के अनुमान के बीच राजधानी के कई इलाकों में खराब हवा की चुनौती बनी हुई है। ऐसे में लोगों को स्थानीय AQI अपडेट पर नजर रखने और प्रदूषण से बचाव के उपाय अपनाने की जरूरत है।



