
बेंगलुरु में मेट्रो स्टेशन के पास धू-धू कर जली केरल परिवहन निगम की बस
कर्नाटक की राजधानी बेंगलुरु में उस समय अफरा-तफरी का माहौल बन गया, जब केरल राज्य सड़क परिवहन निगम (KSRTC) की एक बस अचानक आग की चपेट में आ गई। यह घटना ज्ञानभारती मेट्रो स्टेशन के समीप हुई, जहां सड़क पर चल रही बस से अचानक धुआं उठने लगा और देखते ही देखते आग ने बस के अगले हिस्से को अपनी चपेट में ले लिया। चालक की सूझबूझ और त्वरित कार्रवाई के चलते बस में सवार सभी यात्रियों को सुरक्षित बाहर निकाल लिया गया, जिससे एक बड़ा हादसा टल गया।
जानकारी के अनुसार, यह बस मैसूर से बेंगलुरु की ओर आ रही थी। रास्ते में ज्ञानभारती मेट्रो स्टेशन के पास चालक ने इंजन की ओर से धुआं निकलते देखा। स्थिति की गंभीरता को समझते हुए उसने तुरंत बस रोक दी और यात्रियों को नीचे उतरने के लिए कहा। कुछ ही मिनटों में आग तेजी से फैल गई और बस का अगला हिस्सा तथा अंदरूनी भाग बुरी तरह जलकर क्षतिग्रस्त हो गया। हालांकि राहत की बात यह रही कि सभी यात्री, चालक और परिचालक पूरी तरह सुरक्षित रहे।
घटना की सूचना मिलते ही दमकल विभाग की टीमें मौके पर पहुंचीं और काफी मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया। आग लगने के कारण कुछ समय के लिए इलाके में यातायात भी प्रभावित रहा और सड़क पर वाहनों की लंबी कतारें लग गईं। आसपास मौजूद लोगों ने भी घटना के वीडियो अपने मोबाइल फोन में रिकॉर्ड किए, जो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहे हैं। आग के दौरान उठे घने धुएं ने आसपास के क्षेत्र में दहशत का माहौल पैदा कर दिया।
प्रारंभिक जांच में माना जा रहा है कि तकनीकी खराबी या इंजन में उत्पन्न किसी समस्या के कारण यह आग लगी हो सकती है, हालांकि अभी तक आग लगने के सटीक कारणों की आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है। परिवहन विभाग और संबंधित एजेंसियां बस की तकनीकी जांच कर रही हैं ताकि यह पता लगाया जा सके कि दुर्घटना के पीछे क्या वजह थी और भविष्य में ऐसी घटनाओं को रोकने के लिए क्या कदम उठाए जा सकते हैं।
इस घटना ने एक बार फिर सार्वजनिक परिवहन वाहनों के नियमित रखरखाव और सुरक्षा मानकों को लेकर सवाल खड़े कर दिए हैं। विशेषज्ञों का कहना है कि लंबी दूरी तय करने वाली बसों की समय-समय पर तकनीकी जांच बेहद जरूरी है, ताकि यात्रियों की सुरक्षा सुनिश्चित की जा सके। फिलहाल प्रशासन ने मामले की जांच शुरू कर दी है और यात्रियों के सुरक्षित बच निकलने को एक बड़ी राहत माना जा रहा है।



