
मध्य प्रदेश के भिंड जिले में भिंड-ग्वालियर नेशनल हाईवे-719 पर सोमवार-मंगलवार की दरमियानी रात एक बेहद दर्दनाक सड़क हादसा हो गया। छीमका गांव के पास मजदूरों से भरी एक तेज रफ्तार पिकअप और सामने से आ रहे डंपर की आमने-सामने जोरदार टक्कर हो गई। हादसे में 8 मजदूरों की मौत हो गई, जबकि 32 अन्य घायल हुए हैं। घायलों में कई की हालत गंभीर बताई गई, जिसके कारण मृतकों की संख्या बढ़ने की आशंका भी जताई गई थी।
जानकारी के मुताबिक, पिकअप में सवार सभी मजदूर उत्तर प्रदेश के लखीमपुर खीरी जिले के रहने वाले थे। वे मध्य प्रदेश में धान की रोपाई का काम करने आए थे और काम खत्म होने के बाद अपने घर लौट रहे थे। हादसा रात करीब 1 बजे हुआ। प्रारंभिक जांच में सामने आया कि हाईवे पर बैठे गायों के झुंड को बचाने की कोशिश के दौरान पिकअप का संतुलन बिगड़ गया और उसकी सामने से आ रहे डंपर से भीषण टक्कर हो गई।
टक्कर इतनी जोरदार थी कि पिकअप में सवार मजदूर गंभीर रूप से घायल हो गए। हादसे की सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और स्थानीय ग्रामीणों की मदद से घायलों को अस्पताल पहुंचाया गया। गंभीर रूप से घायल लोगों को बेहतर इलाज के लिए ग्वालियर रेफर किया गया, जबकि मृतकों के शवों को पोस्टमार्टम के लिए भेजकर उनकी पहचान और अन्य कानूनी कार्रवाई शुरू की गई।
हादसे के बाद हाईवे पर कुछ समय के लिए अफरा-तफरी और जाम जैसी स्थिति बन गई। पुलिस ने क्षतिग्रस्त वाहनों को सड़क किनारे हटवाकर यातायात को सामान्य कराया। गोहद चौराहा थाना पुलिस के अनुसार, मृतकों और घायलों के परिवारों से संपर्क करने की कोशिश की जा रही है। सभी मजदूर धान की रोपाई के काम के सिलसिले में मध्य प्रदेश आए थे और वापस लौटते समय यह हादसा हुआ।
यह हादसा एक बार फिर सड़क सुरक्षा और मजदूरों के परिवहन को लेकर गंभीर सवाल खड़े करता है। बड़ी संख्या में मजदूरों का एक ही वाहन में सफर करना और तेज रफ्तार जैसे कारण दुर्घटना की स्थिति को और भयावह बना सकते हैं। फिलहाल पुलिस पूरे मामले की जांच कर रही है और हादसे के कारणों की विस्तृत पड़ताल की जा रही है।



