Advertisement
भारतलाइव अपडेटहरियाणा
Trending

फरीदाबाद एक्सप्रेसवे पर बड़ा हादसा

Advertisement
Advertisement

प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, सुबह निर्माण कार्य सामान्य रूप से चल रहा था। मजदूर फ्लाईओवर के ऊपरी हिस्से पर काम कर रहे थे और भारी मशीनरी की सहायता से निर्माण सामग्री को ऊपर पहुंचाया जा रहा था। इसी दौरान एक बड़ी क्रेन अचानक असंतुलित हो गई। देखते ही देखते क्रेन का ऊपरी हिस्सा भरभराकर नीचे गिर पड़ा, जिससे वहां काम कर रहे कई मजदूर इसकी चपेट में आ गए।

हादसे की सूचना मिलते ही स्थानीय प्रशासन, पुलिस, दमकल विभाग और आपदा राहत टीम मौके पर पहुंच गई। दुर्घटना स्थल पर भारी संख्या में लोग एकत्र हो गए, जिसके कारण राहत कार्य में शुरुआती कठिनाइयों का सामना करना पड़ा। बचाव दल ने मलबे के नीचे दबे मजदूरों को निकालने के लिए गैस कटर और अन्य आधुनिक उपकरणों का उपयोग किया।

अधिकारियों के अनुसार, हादसे में तीन मजदूरों की मौत की पुष्टि की गई है। वहीं कई घायल मजदूरों को तत्काल नजदीकी अस्पतालों में भर्ती कराया गया है। कुछ घायलों की हालत गंभीर बताई जा रही है, जिसके चलते मृतकों की संख्या बढ़ने की आशंका से भी इनकार नहीं किया जा सकता।

घटना के बाद प्रशासन ने पूरे निर्माण क्षेत्र को सुरक्षा कारणों से घेर लिया और आम लोगों के प्रवेश पर रोक लगा दी। पुलिस ने हादसे की जांच शुरू कर दी है। प्रारंभिक जांच में यह पता लगाने की कोशिश की जा रही है कि क्रेन तकनीकी खराबी के कारण गिरी या फिर संचालन में किसी प्रकार की लापरवाही हुई थी।

विशेषज्ञों का मानना है कि देशभर में तेजी से चल रहे बुनियादी ढांचा विकास कार्यों के बीच निर्माण स्थलों पर सुरक्षा मानकों का पालन बेहद आवश्यक है। अक्सर समय सीमा में परियोजनाओं को पूरा करने के दबाव के कारण सुरक्षा नियमों की अनदेखी की जाती है, जिससे इस प्रकार की दुर्घटनाएं सामने आती हैं। यदि समय रहते मशीनों की नियमित जांच और कर्मचारियों को उचित सुरक्षा प्रशिक्षण दिया जाए तो ऐसे हादसों को काफी हद तक रोका जा सकता है।

स्थानीय लोगों ने भी घटना को लेकर चिंता जताई है। उनका कहना है कि निर्माण स्थल पर भारी मशीनरी का उपयोग किया जा रहा था, इसलिए सुरक्षा व्यवस्था और निगरानी अधिक मजबूत होनी चाहिए थी। हादसे के बाद क्षेत्र में काम कर रहे अन्य मजदूरों में भी भय का माहौल देखा गया।

प्रशासन ने मृतकों के परिजनों को हर संभव सहायता देने का आश्वासन दिया है। साथ ही संबंधित निर्माण कंपनी से भी घटना की विस्तृत रिपोर्ट मांगी गई है। जांच पूरी होने के बाद यदि किसी प्रकार की लापरवाही सामने आती है तो जिम्मेदार अधिकारियों और कंपनी के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जा सकती है।

फिलहाल राहत और बचाव अभियान पूरा कर लिया गया है, लेकिन इस हादसे ने एक बार फिर निर्माण परियोजनाओं में सुरक्षा मानकों की गंभीरता पर सवाल खड़े कर दिए हैं। फरीदाबाद का यह दर्दनाक हादसा उन तमाम निर्माण एजेंसियों के लिए चेतावनी है जो भारी मशीनरी और बड़े इंफ्रास्ट्रक्चर प्रोजेक्ट्स पर काम कर रही हैं। विशेषज्ञों का कहना है कि विकास की रफ्तार जितनी जरूरी है, उतना ही जरूरी उन मजदूरों की सुरक्षा भी है जो इन परियोजनाओं को जमीन पर साकार करते हैं।

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button
YouTube
LinkedIn
Share