
समृद्धि हाईवे पर गैस पाइपलाइन लीक, 24 KM तक ट्रैफिक डायवर्ट
महाराष्ट्र के छत्रपति संभाजीनगर जिले में मुंबई-नागपुर समृद्धि एक्सप्रेसवे के किनारे गैस पाइपलाइन में रिसाव की घटना से हड़कंप मच गया। शनिवार शाम करीब 5 बजे गंगापुर तालुका के तकलीवाड़ी इलाके में पाइपलाइन से गैस लीक होने की सूचना मिली। गैस की तेज गंध फैलने के बाद प्रशासन ने एहतियात के तौर पर इलाके में सुरक्षा व्यवस्था बढ़ाई और हाईवे के एक हिस्से पर यातायात को डायवर्ट कर दिया।
रिसाव की सूचना मिलते ही संबंधित एजेंसियों और GAIL की विशेषज्ञ टीम को मौके पर बुलाया गया। GAIL के विशेषज्ञों ने लीक वाले हिस्से के दोनों तरफ पाइपलाइन के वाल्व बंद कर दिए, जिससे पाइप के भीतर गैस का दबाव धीरे-धीरे कम होने लगा। प्रशासन ने किसी भी संभावित खतरे से निपटने के लिए मौके पर फायर-फाइटिंग उपकरण भी तैयार रखे।
गैस रिसाव को देखते हुए समृद्धि एक्सप्रेसवे के करीब 24 KM लंबे हिस्से में यातायात को वैकल्पिक मार्ग पर भेजा गया। प्रभावित हिस्सा Hadas Pimpalgaon और Maliwada के बीच बताया गया है। जिला प्रशासन के अनुसार इस सेक्शन में वाहनों की आवाजाही को सुरक्षा कारणों से डायवर्ट किया गया है।
मुंबई की तरफ जाने वाले वाहनों को Hadas Pimpalgaon इंटरचेंज से एक्सप्रेसवे छोड़कर Dhule-Solapur Highway का इस्तेमाल करने और Maliwada के पास दोबारा समृद्धि एक्सप्रेसवे पर प्रवेश करने को कहा गया है। वहीं नागपुर की तरफ जाने वाले वाहनों को Maliwada इंटरचेंज से बाहर निकलकर Dhule-Solapur Highway के रास्ते Hadas Pimpalgaon से दोबारा एक्सप्रेसवे पर आने की व्यवस्था की गई है।
घटना के बाद मौके पर पुलिस और जिला प्रशासन की टीमें मौजूद हैं। अधिकारियों की प्राथमिकता गैस रिसाव को पूरी तरह नियंत्रित करना और यात्रियों की सुरक्षा सुनिश्चित करना है। फिलहाल उपलब्ध जानकारी के अनुसार घटना में किसी के हताहत होने की खबर नहीं है। प्रशासन स्थिति पर लगातार नजर बनाए हुए है।
यह घटना ऐसे समय हुई है जब समृद्धि महामार्ग पर आने वाले दिनों में अलग-अलग हिस्सों में ट्रैफिक ब्लॉक और रखरखाव से जुड़े काम भी प्रस्तावित हैं। इसलिए मुंबई-नागपुर के बीच यात्रा करने वाले लोगों के लिए रवाना होने से पहले प्रशासन की ताजा ट्रैफिक एडवाइजरी देखना जरूरी होगा।
फिलहाल गैस पाइपलाइन का रिसाव नियंत्रित करने के लिए विशेषज्ञ काम कर रहे हैं और पाइपलाइन के अंदर दबाव कम किया जा रहा है। जब तक स्थिति पूरी तरह सुरक्षित घोषित नहीं हो जाती, यात्रियों को डायवर्ट किए गए मार्ग का ही इस्तेमाल करने और मौके के आसपास रुकने से बचने की सलाह दी जा रही है।



