
ईरान-इजराइल जंग में अमेरिका की एंट्री से बढ़ा परमाणु युद्ध का खतरा
मध्य पूर्व में ईरान, इजराइल और अमेरिका के बीच जारी संघर्ष अब बेहद खतरनाक मोड़ पर पहुंच गया है, जहां परमाणु युद्ध की आशंका लगातार बढ़ती दिख रही है। हालिया घटनाओं में अमेरिका और इजराइल द्वारा ईरान के परमाणु ठिकानों पर हमले किए गए, जिसके जवाब में ईरान ने इजराइल के संवेदनशील इलाकों और अमेरिकी सैन्य ठिकानों को निशाना बनाया। रिपोर्ट्स के मुताबिक, ईरान ने लंबी दूरी की मिसाइलों का इस्तेमाल करते हुए इजराइल के परमाणु अनुसंधान केंद्र के पास तक हमला किया, जिससे वैश्विक स्तर पर चिंता बढ़ गई है।
स्थिति तब और गंभीर हो गई जब अमेरिका ने ईरान को चेतावनी देते हुए कहा कि यदि स्ट्रेट ऑफ हॉर्मुज़ को जल्द नहीं खोला गया तो ईरान के पावर प्लांट्स को तबाह कर दिया जाएगा। इसके जवाब में ईरान ने भी अमेरिका और उसके सहयोगियों के ऊर्जा ठिकानों पर हमला करने की धमकी दी है।
इस युद्ध में अब तक हजारों लोगों की जान जा चुकी है और संघर्ष कई देशों तक फैल चुका है, जिसमें लेबनान, कतर और खाड़ी के अन्य देश भी प्रभावित हुए हैं। तेल और गैस आपूर्ति पर असर पड़ने से वैश्विक अर्थव्यवस्था पर भी दबाव बढ़ रहा है।
विशेषज्ञों का मानना है कि परमाणु ठिकानों पर हमले और उनके आसपास बढ़ती सैन्य गतिविधियां किसी बड़े परमाणु टकराव का कारण बन सकती हैं। हालांकि अभी तक किसी भी तरह का रेडिएशन लीक सामने नहीं आया है, लेकिन हालात तेजी से बिगड़ते जा रहे हैं और दुनिया की नजरें इस संघर्ष पर टिकी हुई हैं।



