
मॉनसून की जोरदार वापसी, यूपी-बिहार समेत 11 राज्यों में भारी बारिश का अलर्ट
देश के कई हिस्सों में मॉनसून की विदाई के बीच एक बार फिर बारिश का दौर तेज हो गया है। बंगाल की खाड़ी में बने मौसम तंत्र के प्रभाव से आंध्र प्रदेश, ओडिशा, तेलंगाना और छत्तीसगढ़ में भारी से बहुत भारी बारिश की स्थिति बनी हुई है। मौसम विभाग ने शुक्रवार, 25 सितंबर को कई राज्यों में बारिश, गरज-चमक और तेज हवाओं को लेकर चेतावनी जारी की है। उत्तर प्रदेश और बिहार में भी बारिश का दौर जारी रहने की संभावना है।
मौसम विभाग के अनुसार, ओडिशा, आंध्र प्रदेश, छत्तीसगढ़ और तेलंगाना में शुक्रवार को भारी बारिश की स्थिति को लेकर रेड अलर्ट जारी किया गया है। वहीं बिहार, झारखंड, पश्चिम बंगाल और महाराष्ट्र के कुछ हिस्सों में ऑरेंज अलर्ट तथा उत्तर प्रदेश, मध्य प्रदेश, असम, कर्नाटक और मेघालय में येलो अलर्ट बताया गया है। कई इलाकों में बारिश के साथ गरज-चमक और तेज हवाएं चलने की भी संभावना है।
ओडिशा और आंध्र प्रदेश के तटीय इलाकों में मौसम का असर ज्यादा रहने की आशंका है। बंगाल की खाड़ी से जुड़े मौसम तंत्र के कारण इन क्षेत्रों में भारी बारिश के साथ तेज हवाएं चल सकती हैं। मौसम विभाग ने समुद्र की स्थिति खराब रहने की चेतावनी देते हुए मछुआरों को समुद्र में न जाने की सलाह दी है। तटीय इलाकों में स्थानीय प्रशासन की ओर से भी सावधानी बरतने के निर्देश दिए गए हैं।
उत्तर प्रदेश में भी अगले कुछ दिनों तक बारिश का सिलसिला बढ़ सकता है। पूर्वी उत्तर प्रदेश में 25 और 26 सितंबर को कई जगहों पर भारी से बहुत भारी बारिश की संभावना जताई गई है, जबकि पश्चिमी उत्तर प्रदेश में 26 और 27 सितंबर को कुछ स्थानों पर भारी बारिश हो सकती है। बारिश के साथ आंधी और बिजली चमकने की स्थिति भी बन सकती है।
बिहार में भी मौसम विभाग ने बारिश को लेकर चेतावनी दी है। राज्य के कई हिस्सों में 25 और 26 सितंबर को बारिश के साथ गरज-चमक और बिजली गिरने की संभावना है। कुछ इलाकों में भारी बारिश भी हो सकती है। पटना के लिए जारी स्थानीय पूर्वानुमान में 25 सितंबर को बारिश या गरज के साथ बौछारें पड़ने तथा 40 से 50 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चलने की संभावना बताई गई है।
मध्य और पूर्वी भारत के भी कई हिस्से बारिश से प्रभावित रहेंगे। छत्तीसगढ़ और विदर्भ में 25 से 29 सितंबर के दौरान कई स्थानों पर बारिश और कुछ जगहों पर भारी बारिश का अनुमान है। पूर्वी मध्य प्रदेश में भी 25 सितंबर को बारिश की संभावना है। इसके अलावा झारखंड, पश्चिम बंगाल और महाराष्ट्र के कुछ हिस्सों में भी मौसम खराब रह सकता है।
दिल्ली-एनसीआर में फिलहाल अन्य राज्यों की तुलना में बारिश की गतिविधि सीमित रहने का अनुमान है। मौसम विभाग के अनुसार दिल्ली में दक्षिण-पश्चिम मॉनसून 23 सितंबर को सामान्य तारीख से करीब दो दिन पहले विदा हो गया। हालांकि आने वाले दिनों में आसपास के क्षेत्रों में मौसम में बदलाव देखने को मिल सकता है और कुछ स्थानों पर हल्की बारिश या गरज-चमक की स्थिति बन सकती है।
मौसम विभाग के मुताबिक बंगाल की खाड़ी और उससे जुड़े सिस्टम की वजह से पूर्वी तथा मध्य भारत में बारिश का दौर अभी बना रह सकता है। ऐसे में निचले इलाकों में जलभराव, तेज हवाओं के दौरान पेड़ या बिजली के खंभे गिरने और स्थानीय स्तर पर यातायात प्रभावित होने जैसी स्थिति बन सकती है। लोगों को मौसम संबंधी स्थानीय चेतावनियों पर नजर रखने और आंधी-तूफान के दौरान खुले स्थानों से बचने की सलाह दी गई है।



